मुज़फ़्फ़रनगर। मुज़फ़्फ़रनगर में भारतीय किसान यूनियन अराजनैतिक के राष्ट्रीय प्रवक्ता धर्मेंद्र मलिक के विवादित बयान का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। एक दिन पहले कलेक्ट्रेट में हुए धरना-प्रदर्शन के दौरान उन्होंने अवैध खनन को लेकर खनन अधिकारी पर तीखी टिप्पणी की थी। अब शनिवार सुबह करीब 7 बजे से वायरल हो रहे वीडियो में वह बिना नाम लिए दूसरे किसान संगठन के कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों पर भी विवादित बयान देते नजर आ रहे हैं।
धर्मेंद्र मलिक ने खनन अधिकारी को ‘अंधा’ कहते हुए सवाल उठाया था कि अगर अधिकारी अवैध खनन रोकने में सक्षम नहीं है तो उसके खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। इसी दौरान उन्होंने दूसरे किसान संगठन के लोगों को लेकर ‘जूते मारने’ और ‘नात फोड़ने’ जैसी भाषा का इस्तेमाल किया। उनके इस बयान को लेकर विवाद खड़ा हो सकता है।
मलिक ने यह भी कहा कि पहले रिश्वतखोरी का काम अधिकारी करते थे, लेकिन अब किसान संगठनों के कुछ लोग भी ऐसा कर रहे हैं। उन्होंने चकबंदी विभाग के अधिकारियों पर रिश्वतखोरी के आरोप लगाए और काम नहीं करने वाले अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की बात कही।
अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि ऐसे अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए, जो जनता का काम नहीं करते। इस दौरान उन्होंने तीखे और आक्रामक शब्दों का इस्तेमाल किया। उनके बयान का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद यह मामला चर्चा में आ गया है।
फिलहाल, चकबंदी अधिकारियों पर लगाए गए आरोपों और दूसरे किसान संगठन के कार्यकर्ताओं को लेकर दिए गए बयान पर संबंधित पक्षों की प्रतिक्रिया सामने आना बाकी है।
