मुज़फ़्फ़रनगर। मुज़फ़्फ़रनगर में दशहरा पर्व पर बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक रावण दहन मंगलवार शाम धूमधाम से किया गया। नुमाइश कैंप ग्राउंड में आयोजित दशहरा उत्सव में विधि-विधान के साथ रावण, मेघनाथ और कुंभकरण के पुतलों का दहन हुआ। इस बार रावण के साथ भ्रष्टाचार के प्रतीक के रूप में तैयार किए गए 15 फीट ऊंचे पुतले को भी जलाया गया। भारतीय जनता पार्टी के पूर्व केंद्रीय राज्यमंत्री डॉ. संजीव बालियान और राज्यमंत्री कपिलदेव अग्रवाल ने संयुक्त रूप से शाम 7 बजकर 45 मिनट पर रिमोट का बटन दबाकर पुतला दहन किया। कार्यक्रम में पालिकाध्यक्ष मीनाक्षी स्वरूप अग्रवाल सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।

पुतला दहन से पहले मैदान में जमकर आतिशबाजी हुई। साथ ही आकर्षक झाकियों और लेज़र लाइट की मनमोहक प्रस्तुति ने लोगों का मन मोह लिया। इसके बाद जैसे ही रिमोट का बटन दबाया गया, पुतलों में आग लग गई और कुछ ही देर में दशानन समेत चारों पुतले धूं-धूं कर जलने लगे। इस दौरान मैदान में मौजूद लोगों ने उत्साह के साथ दशहरा उत्सव देखा। आयोजन को देखने के लिए करीब 3 से 4 हजार लोग पहुंचे। रावण दहन के साथ ही मैदान में बुराई पर अच्छाई की जीत का पारंपरिक संदेश गूंजा।
इस बार उत्सव में रावण का 65 फीट, मेघनाथ का 55 फीट और कुंभकरण का 50 फीट ऊंचा पुतला बनाया गया था। इनके साथ 15 फीट ऊंचे एक अन्य पुतले को लेकर भी आयोजन से पहले खूब चर्चा हुई। शुरुआत में इसे कॉकरोच का पुतला बताया गया था, लेकिन दहन से कुछ घंटे पहले श्रीराम सेवा दल की कमेटी ने आपसी सहमति से इसका नाम बदलकर ‘भ्रष्टाचार’ रख दिया। आयोजकों ने इसे समाज में फैली बुराइयों के खिलाफ प्रतीकात्मक संदेश बताया।
श्रीराम सेवा दल पिछले 36 वर्षों से नुमाइश कैंप ग्राउंड में दशहरा दहन उत्सव आयोजित करता आ रहा है। आयोजकों के मुताबिक, इस बार पुतलों के निर्माण पर करीब दो लाख रुपये खर्च हुए। कार्यक्रम में परंपरा के अनुसार पुतला दहन के जरिए बुराई का अंत और अच्छाई की जीत का संदेश दिया गया।
दशहरा उत्सव के दौरान सुरक्षा के भी पुख्ता इंतजाम किए गए थे। मैदान और आसपास के इलाकों में पुलिसकर्मी तैनात रहे। हजारों लोगों की मौजूदगी के बीच कार्यक्रम शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए पुलिस ने व्यवस्था संभाली। रावण दहन के साथ नुमाइश कैंप ग्राउंड में दशहरा उत्सव का मुख्य आयोजन संपन्न हुआ।
मौके पर SP सिटी अमृत जैन और ASP सिद्धार्थ के. मिश्रा व्यवस्था संभाले रहे, जबकि SP ट्रैफिक अतुल चौबे अपनी टीम के साथ यातायात व्यवस्था संभाले रहे।

