मुज़फ़्फ़रनगर। मुज़फ़्फ़रनगर में खनन से जुड़े लोगों का दुस्साहस लगातार सामने आ रहा है। एक दिन पहले अफसर की गाड़ी रोककर बदसलूकी का मामला सामने आया था और अब अगले ही दिन जौली रोड पर खुलेआम मिट्टी खनन का काम चलता दिखाई दे रहा है। सिखेड़ा थाना क्षेत्र से लेकर नई मंडी कोतवाली क्षेत्र तक मिट्टी से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉलियां बेखौफ दौड़ रही हैं।
मंगलवार अल–सुबह से दोपहर करीब 2 बजे के बीच मिट्टी से भरे कई ट्रैक्टर ट्रॉली को जौली रोड पर दौड़ते हुए देखा गया। जौली रोड पर खनन से जुड़ा यह काम खुलेआम चलने से प्रशासनिक कार्रवाई पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। एक दिन पहले अफसर की गाड़ी रोकने और उसके साथ बदसलूकी की घटना के बाद भी खनन गतिविधियां दोबारा शुरू होना चर्चा का विषय बना हुआ है।
सिखेड़ा थाना क्षेत्र से निकलकर मिट्टी से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉलियां नई मंडी कोतवाली क्षेत्र तक पहुंच रही हैं। नई मंडी इलाके में इन ट्रैक्टर ट्रॉलियों के माध्यम से प्लाटों में भराव किया जा रहा है। सड़क पर लगातार दौड़ रहे इन वाहनों के कारण यह सवाल भी उठ रहा है कि आखिर इतनी बड़ी संख्या में ट्रैक्टर-ट्रॉलियां पुलिस और प्रशासन की नजरों से कैसे निकल रही हैं?
एक दिन पहले नई मंडी कोतवाली क्षेत्र के बिलासपुर कट पर हुई घटना में खनन से जुड़े लोगों पर नायब तहसीलदार सुनील कुमार की गाड़ी रोकने और बदसलूकी करने के आरोप लगे थे, जिसका वीडियो भी सामने आया था। इसके बावजूद अगले दिन जौली रोड पर खनन का काम फिर शुरू होना कार्रवाई की प्रभावशीलता पर सवाल खड़े करता है।
मामले में SDM सदर शुभम श्रीवास्तव का कहना था कि मामले में जांच की जा रही है। जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसी आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
