मुज़फ़्फ़रनगर। भगवान वाल्मीकि के प्रकटोत्सव पर सोमवार को आयोजित कार्यक्रम के दौरान राज्यमंत्री कपिल देव अग्रवाल और सपा नेता राकेश शर्मा के बीच माइक को लेकर हुई कथित खींचतान का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद अब मंगलवार दोपहर करीब एक बजे वाल्मीकि समाज के लोगों ने नाराजगी जताते हुए राकेश शर्मा के व्यवहार की निंदा की है। उन्होंने सपा नेता से समाज के सामने सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की मांग की है।
वाल्मीकि समाज के नेता रोहिल वाल्मीकि ने मीडिया से बातचीत में कहा कि भगवान वाल्मीकि की शोभायात्रा नगर में धूमधाम और हर्षोल्लास के साथ निकाली गई। उन्होंने शोभायात्रा के आयोजन में राज्य मंत्री कपिल देव अग्रवाल के सहयोग की सराहना करते हुए कहा कि उनके प्रयासों से आयोजन को भव्य रूप देने में मदद मिली। रोहिल वाल्मीकि के अनुसार, शोभायात्रा के दौरान डीजे बजाने को लेकर अधिकारियों की ओर से आपत्ति जताई जा रही थी, लेकिन मंत्री के हस्तक्षेप के बाद डीजे बजाने की अनुमति मिल सकी।
रोहिल वाल्मीकि ने माइक विवाद को लेकर कहा कि मंत्री कपिल देव अग्रवाल के साथ इस तरह का व्यवहार उचित नहीं था। उन्होंने इसे अशोभनीय बताते हुए कहा कि सार्वजनिक कार्यक्रमों में सभी नेताओं को मर्यादा बनाए रखनी चाहिए। उन्होंने राकेश शर्मा से पूरे मामले पर समाज के सामने अपनी स्थिति स्पष्ट करने और माफी मांगने की मांग की।
वाल्मीकि समाज के नेता सनी सिलेलान ने भी घटनाक्रम की निंदा की। उन्होंने कहा कि धार्मिक और सामाजिक आयोजनों में आपसी सम्मान तथा सौहार्द बनाए रखना जरूरी है। सनी सिलेलान ने भी सपा नेता से समाज के लोगों से माफी मांगने की मांग की।
वाल्मीकि समाज के नेता सनी सिलेलान ने भी घटनाक्रम की निंदा की। उन्होंने कहा कि धार्मिक और सामाजिक आयोजनों में आपसी सम्मान तथा सौहार्द बनाए रखना जरूरी है। सनी सिलेलान ने भी सपा नेता से समाज के लोगों से माफी मांगने की मांग की।
इस दौरान टाउन हॉल मैदान में वाल्मीकि समाज के दर्जनों जिम्मेदार लोग मौजूद रहे। इससे पहले राकेश शर्मा ने वायरल वीडियो को लेकर कहा था कि कार्यक्रम में लोग पिछले साल नावल्टी चौराहे का नाम महर्षि वाल्मीकि के नाम पर रखने और मूर्ति स्थापना के वादे पर सवाल पूछ रहे थे।
