मुज़फ़्फ़रनगर। शहर के सर्कुलर रोड स्थित डॉ. राजेश अहलावत के क्लिनिक पर दवा के बकाया भुगतान के आरोप–प्रत्यारोप को लेकर शुक्रवार दोपहर करीब 12 बजे विवाद खड़ा हो गया। करीब 830 रुपये के लेनदेन को लेकर शुरू हुई कहासुनी देखते ही देखते हंगामे में बदल गई। दोनों पक्षों के बीच कैमरे के सामने ही जमकर गाली-गलौज हुई।

बताया गया कि प्रीति अपने ससुर की दवाई लेने डॉक्टर के क्लिनिक पर पहुंची थीं। प्रीति का आरोप है कि डॉक्टर ने मेडिकल स्टोर के करीब 830 रुपये बकाया होने की बात कहते हुए उनसे भुगतान को लेकर सवाल किया और पर्चा फेंककर मारा। महिला के मुताबिक, उसने डॉक्टर को समझाने की कोशिश की कि मेडिकल स्टोर का पिछला कोई पैसा बकाया नहीं है और पूर्व में दवा के पैसे दिए जा चुके हैं।
प्रीति का आरोप है कि इसी दौरान क्लिनिक के मेडिकल स्टाफ ने भी उनके साथ बदसलूकी की। विवाद बढ़ने पर उन्होंने फोन कर अपने पति को मौके पर बुला लिया। पति के पहुंचने के बाद दोनों पक्षों के बीच कहासुनी और बढ़ गई तथा क्लिनिक पर हंगामा शुरू हो गया।
महिला और उसके पति का कहना था कि उन पर मेडिकल स्टोर के पैसे बकाया होने का आरोप गलत है। दोनों ने मामले की स्थिति स्पष्ट करने के लिए क्लिनिक में लगे CCTV कैमरों की फुटेज चेक करने की बात कही। उनका आरोप है कि उन्होंने CCTV फुटेज दिखाने का आग्रह किया, लेकिन हॉस्पिटल स्टाफ ने कैमरे चेक कराने से इनकार कर दिया।
इसके बाद दोनों पक्षों के बीच काफी देर तक तीखी बहस होती रही। विवाद के दौरान क्लिनिक के अंदर और बाहर सड़क पर एक-दूसरे के साथ जमकर गाली-गलौज हुई। मौके पर मौजूद लोगों ने किसी तरह मामले को शांत कराने का प्रयास किया।
महिला पक्ष का कहना है कि यदि मेडिकल स्टोर का पैसा वास्तव में बकाया था तो उसका हिसाब दिखाया जाना चाहिए था। वहीं, पूरे विवाद की वास्तविक स्थिति CCTV फुटेज और दोनों पक्षों की बात सामने आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी। इस प्रकरण को लेकर मेडिकल और डॉक्टर पक्ष की तरफ से ऑन कैमरा कुछ भी बोलने से इनकार कर दिया।
