देहरादून। उत्तराखंड की राजधानी देहरादून के हर्रावाला क्षेत्र से एक राहत भरी खबर सामने आई है। यहां के सुप्रसिद्ध लक्ष्मण सिद्ध मंदिर के समीप घने और खतरनाक जंगल में रास्ता भटक गईं पांच महिलाओं को राज्य आपदा प्रतिवादन बल (एसडीआरएफ) की टीम ने एक बेहद चुनौतीपूर्ण और सफल सर्च अभियान चलाकर सकुशल रेस्क्यू कर लिया है। अंधेरे और घने जंगल के बीच जिंदगी और मौत से जूझ रही महिलाओं के लिए आपदा प्रबंधन की यह टीम किसी देवदूत से कम साबित नहीं हुई, जिसने समय रहते उन्हें ढूंढ निकाला और सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया।
सूचना मिलते ही अलर्ट हुई टीम, वन विभाग के साथ शुरू हुआ संयुक्त अभियान
प्राप्त जानकारी के मुताबिक, इस घटना की भनक जिला नियंत्रण कक्ष (डीसीआर) देहरादून और हर्रावाला पुलिस चौकी के माध्यम से रेस्क्यू टीम को मिली। जैसे ही यह आपातकालीन सूचना एसडीआरएफ वाहिनी मुख्यालय तक पहुंची, वैसे ही बिना एक पल की देरी किए मुख्य आरक्षी शैलेंद्र रावत के नेतृत्व में एक विशेष अलर्ट टीम को आधुनिक उपकरणों के साथ तत्काल घटनास्थल के लिए रवाना किया गया। लक्ष्मण सिद्ध मंदिर के पास पहुंचने के बाद, एसडीआरएफ के जांबाजों ने बिना समय गंवाए स्थानीय सिविल पुलिस और वन विभाग के कर्मचारियों के साथ मिलकर एक संयुक्त और सघन खोज अभियान की रूपरेखा तैयार की और जंगल के भीतर दाखिल हुए।
दुर्गम रास्तों पर बारह किलोमीटर तक खोजबीन, अथक प्रयासों के बाद मिली सफलता
रेस्क्यू टीम के सामने चुनौतियां बेहद बड़ी थीं क्योंकि जिस इलाके में महिलाएं भटकी थीं, वह अत्यंत घना जंगल है और वहां का भूभाग बेहद पथरीला, दुर्गम और जंगली जानवरों के खतरे से भरा हुआ था। इन तमाम चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों और विपरीत मौसम के बावजूद, एसडीआरएफ की टीम ने अदम्य साहस का परिचय दिया। टीम के जवानों ने टार्च और अन्य खोजी उपकरणों की मदद से लगातार पैदल चलते हुए जंगल के गहरे और अंदरूनी हिस्सों में करीब बारह किलोमीटर तक कड़ा सर्च अभियान चलाया। रेस्क्यू टीम के इसी अथक परिश्रम और सूझबूझ का नतीजा रहा कि जंगल के बीचों-बीच डरी-सहमी बैठीं सभी पांचों महिलाओं को सुरक्षित ढूंढ निकाला गया।
रोड हेड तक सुरक्षित पहुंचाया, हर्रावाला पुलिस को सौंपी गईं महिलाएं
जंगल के भीतर महिलाओं की लोकेशन ट्रेस होने के बाद, रेस्क्यू टीम के सदस्यों ने पहले तो उन्हें ढांढस बंधाया और पानी व प्राथमिक सहायता उपलब्ध कराई। इसके बाद, बेहद सावधानी बरतते हुए एसडीआरएफ की टीम ने पांचों महिलाओं को अपने घेरे में लिया और उसी दुर्गम रास्ते से पैदल वापस सुरक्षित बाहर निकालते हुए मुख्य सड़क (रोड हेड) तक पहुंचाया। कड़े रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद सुरक्षित बाहर आईं महिलाओं ने राहत की सांस ली और रेस्क्यू टीम का आभार व्यक्त किया। इसके बाद, एसडीआरएफ ने कागजी कार्रवाई पूरी करते हुए सभी महिलाओं को पूरी तरह सकुशल चौकी हर्रावाला पुलिस के सुपुर्द कर दिया, जहां से उन्हें उनके परिजनों के पास भेजा जा रहा है।



