नई दिल्ली। दिल्ली-एनसीआर में मौसम का मिजाज बदलने लगा है। दिन में तेज धूप के कारण गर्मी का एहसास होगा, जबकि रात के समय हल्की ठंड लोगों को महसूस होने लगेगी। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, आने वाले दिनों में राजधानी और आसपास के क्षेत्रों में आसमान मुख्य रूप से साफ रहने की संभावना है। 19 से 24 अक्टूबर के बीच अधिकतम तापमान में धीरे-धीरे बढ़ोतरी हो सकती है। वहीं, दिल्ली के कुछ इलाकों में वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) में आंशिक सुधार दर्ज किया गया है, लेकिन राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र के कई हिस्सों में प्रदूषण अब भी चिंता का विषय बना हुआ है।
24 अक्टूबर तक 34 डिग्री तक पहुंच सकता है पारा
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक, 19 और 20 अक्टूबर को दिल्ली में अधिकतम तापमान करीब 32 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 19 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है। इसके बाद 21, 22 और 23 अक्टूबर को अधिकतम तापमान बढ़कर 33 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है। इस दौरान न्यूनतम तापमान लगभग 20 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है।
24 अक्टूबर तक अधिकतम तापमान 34 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने की संभावना जताई गई है। ऐसे में दिन के समय गर्मी का असर बना रह सकता है, जबकि रात और सुबह के वक्त अपेक्षाकृत ठंडक महसूस होगी। मौसम विभाग ने इस अवधि के लिए किसी विशेष मौसमी चेतावनी का उल्लेख नहीं किया है।
दिल्ली के कई इलाकों में वायु गुणवत्ता में सुधार
दिल्ली के कुछ इलाकों में वायु गुणवत्ता सूचकांक में सुधार दर्ज किया गया है। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, बदरपुर में एक्यूआई 83 रहा, जो संतोषजनक श्रेणी में आता है। वहीं, अशोक विहार में 104, आनंद विहार में 110, कैंटोनमेंट क्षेत्र में 121, बुराड़ी में 123, आया नगर में 129, बुराड़ी क्रॉसिंग में 136, बवाना में 144 और अलीपुर में 145 एक्यूआई दर्ज किया गया।
इन इलाकों में हवा की गुणवत्ता मध्यम श्रेणी में रही। हालांकि, अलग-अलग क्षेत्रों में प्रदूषण का स्तर अलग बना हुआ है। ऐसे में दिल्ली के सभी इलाकों में वायु गुणवत्ता को एक समान बेहतर नहीं कहा जा सकता।
ग्रेटर नोएडा में एक्यूआई 225, गाजियाबाद के लोनी में 243
दिल्ली की तुलना में एनसीआर के कुछ इलाकों में वायु प्रदूषण का स्तर अधिक दर्ज किया गया है। ग्रेटर नोएडा के नॉलेज पार्क-3 में एक्यूआई 225 और नॉलेज पार्क-5 में 215 रहा। ये दोनों आंकड़े खराब श्रेणी में आते हैं।
गाजियाबाद के लोनी क्षेत्र में एक्यूआई 243 दर्ज किया गया, जबकि वसुंधरा में 218, वेव सिटी में 171 और संजय नगर में 162 एक्यूआई रहा। वहीं, वेद विहार-लोनी में एक्यूआई 119 और गोविंदपुरम में 112 दर्ज किया गया। आंकड़ों से स्पष्ट है कि गाजियाबाद के अलग-अलग क्षेत्रों में प्रदूषण का स्तर अलग-अलग बना हुआ है और कुछ इलाकों में हवा की गुणवत्ता खराब श्रेणी में पहुंच गई है।
हवा की रफ्तार कम होने पर बढ़ सकता है प्रदूषण
मौसम विभाग के अनुसार, फिलहाल हवा की रफ्तार ठीक रहने से प्रदूषक कणों के जमाव में कुछ हद तक कमी आ सकती है। हालांकि, सर्दी बढ़ने के साथ हवा की गति धीमी होने पर प्रदूषण का स्तर फिर बढ़ने की आशंका है। ऐसे में आने वाले दिनों में मौसम के साथ वायु गुणवत्ता पर भी नजर रखना जरूरी होगा।
दिल्ली-एनसीआर में जहां दिन के तापमान में बढ़ोतरी के संकेत हैं, वहीं रात में हल्की ठंड का असर धीरे-धीरे बढ़ सकता है। दूसरी ओर, प्रदूषण की स्थिति क्षेत्रवार अलग बनी हुई है। खासकर ग्रेटर नोएडा और गाजियाबाद के उन इलाकों में सतर्कता जरूरी है, जहां एक्यूआई खराब श्रेणी में दर्ज किया गया है।

