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राम मंदिर के नए CEO जितेंद्र मिश्रा बोले- ‘भरोसा और आशीर्वाद बनाए रखें’, जल्द सामने आएगा प्रशासन और विकास का प्लान

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अयोध्या। राम मंदिर ट्रस्ट के नए सीईओ के तौर पर जिम्मेदारी संभालने वाले एयर मार्शल रिटायर्ड जितेंद्र मिश्रा ने शुक्रवार को कहा कि वह फिलहाल मंदिर ट्रस्ट की पूरी व्यवस्था और सिस्टम को समझने में जुटे हैं। उन्होंने श्रद्धालुओं से धैर्य रखने के साथ भरोसा और आशीर्वाद बनाए रखने की अपील की। जितेंद्र मिश्रा ने कहा कि ट्रस्ट के मार्गदर्शन और अपनी टीम के सहयोग से मंदिर परिसर के प्रशासन और विकास को आगे बढ़ाया जाएगा।

‘अभी पूरे सिस्टम को समझने की कोशिश कर रहा हूं’

पत्रकारों से बातचीत में जितेंद्र मिश्रा ने कहा कि वह अभी-अभी जिम्मेदारी संभालने के बाद व्यवस्था को समझने की प्रक्रिया में हैं। उन्होंने कहा कि एक बार पूरे सिस्टम को समझ लेने के बाद ट्रस्ट से मार्गदर्शन लिया जाएगा और उसके निर्देशों के अनुसार आगे की कार्ययोजना तैयार की जाएगी।

उन्होंने कहा कि टीम के सहयोग से काम को आगे बढ़ाया जाएगा और मंदिर परिसर से जुड़े प्रशासनिक तथा विकास कार्यों को व्यवस्थित तरीके से आगे ले जाने का प्रयास होगा।

योजना तैयार होने के बाद सामने आएगा विस्तृत प्लान

राम मंदिर के नए सीईओ ने कहा कि व्यवस्था को समझने के बाद विस्तृत योजना और रणनीति तैयार की जाएगी। उन्होंने जनता और श्रद्धालुओं से इसके लिए कुछ समय देने तथा सहयोग बनाए रखने की अपील की।

जितेंद्र मिश्रा ने कहा कि बैठकों का दौर शुरू हो चुका है। उन्होंने मंदिर परिसर का दौरा किया है और ट्रस्ट के पदाधिकारियों से भी बातचीत की है। उनके मुताबिक योजना तैयार करने का काम शुरू हो चुका है और उसके क्रियान्वयन की प्रक्रिया भी आगे बढ़ाई जा रही है।

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‘हम पर भरोसा रखिए, आपके आशीर्वाद की जरूरत है’

जितेंद्र मिश्रा ने श्रद्धालुओं से भावनात्मक अपील करते हुए कहा कि लोग उन पर भरोसा रखें और उन्हें अपना आशीर्वाद दें। उन्होंने कहा कि भरोसे और आशीर्वाद के साथ टीम आगे बढ़ेगी।

उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में योजना के परिणाम दिखाई देने लगेंगे। उन्होंने लोगों से तत्काल परिणाम की अपेक्षा के बजाय कुछ समय देने की अपील की।

5 हजार से ज्यादा आवेदकों में से हुआ चयन

जितेंद्र मिश्रा का चयन दो सितंबर को राम मंदिर ट्रस्ट के इस महत्वपूर्ण प्रशासनिक पद के लिए किया गया था। इस पद के लिए पांच हजार से अधिक आवेदन प्राप्त होने की जानकारी सामने आई थी। चयन के बाद उन्होंने राम मंदिर परिसर के प्रशासन और विकास की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी संभाली है।

राम मंदिर ट्रस्ट के पहले सीईओ के रूप में उनकी नियुक्ति को मंदिर परिसर के संस्थागत प्रशासन और विकास की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

सैन्य करियर से धार्मिक स्थल के प्रशासन तक नई जिम्मेदारी

जितेंद्र मिश्रा लंबे सैन्य करियर के बाद अब देश के प्रमुख धार्मिक और सांस्कृतिक स्थलों में शामिल राम मंदिर के प्रशासनिक संचालन की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं। भारतीय वायुसेना में उनका 38 वर्ष से अधिक का अनुभव रहा है।

वे वेस्टर्न एयर कमांड के एयर ऑफिसर कमांडिंग इन चीफ के पद से सेवानिवृत्त हुए हैं। वेस्टर्न एयर कमांड भारतीय वायुसेना की रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण कमांड में शामिल है।

ऑपरेशन सिंदूर में भूमिका के लिए मिला सर्वोत्तम युद्ध सेवा मेडल

जितेंद्र मिश्रा को उनके सैन्य करियर के दौरान कई महत्वपूर्ण सम्मान मिल चुके हैं। उन्हें स्वतंत्रता दिवस 2025 के अवसर पर ऑपरेशन सिंदूर में उनकी भूमिका के लिए सर्वोत्तम युद्ध सेवा मेडल से सम्मानित किया गया था।

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इससे पहले उन्हें 2024 में अति विशिष्ट सेवा मेडल और 2013 में विशिष्ट सेवा मेडल भी प्रदान किया जा चुका है।

38 साल से ज्यादा का वायुसेना अनुभव

जितेंद्र मिश्रा छह दिसंबर 1986 को भारतीय वायुसेना की फाइटर स्ट्रीम में कमीशन हुए थे। उन्होंने नेशनल डिफेंस एकेडमी, एयर फोर्स एकेडमी और एयर फोर्स टेस्ट पायलट स्कूल से प्रशिक्षण प्राप्त किया।

अपने सैन्य करियर के दौरान उन्होंने विभिन्न प्रकार के लड़ाकू और परिवहन विमानों के साथ हेलीकॉप्टरों में भी उड़ान भरी। उन्हें 18 से अधिक प्रकार के फाइटर और ट्रांसपोर्ट एयरक्राफ्ट तथा हेलीकॉप्टर उड़ाने का अनुभव है।

3 हजार घंटे से ज्यादा उड़ान का अनुभव

जितेंद्र मिश्रा के पास तीन हजार घंटे से अधिक उड़ान का अनुभव है। लंबे सैन्य करियर में उन्होंने ऑपरेशनल, कमांड और प्रशासनिक स्तर पर काम किया है।

अब सैन्य क्षेत्र के व्यापक अनुभव के साथ वह राम मंदिर ट्रस्ट के प्रशासनिक ढांचे को समझने और आगे की कार्ययोजना तैयार करने में जुटे हैं। उनका कहना है कि ट्रस्ट के मार्गदर्शन, टीम के सहयोग और श्रद्धालुओं के भरोसे के साथ मंदिर परिसर के प्रशासन और विकास को आगे बढ़ाया जाएगा।

 

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