पुणे। महाराष्ट्र के ऐतिहासिक लोहागढ़ किला क्षेत्र में हुए चर्चित कारोबारी केतन अग्रवाल हत्याकांड में एक बेहद चौंकाने वाला और सनसनीखेज खुलासा सामने आया है। जांच एजेंसियों और पुलिस सूत्रों से मिली ताजा जानकारी के अनुसार, मामले की मुख्य आरोपी सिया गोयल ने रियल एस्टेट कारोबारी केतन अग्रवाल के साथ पारिवारिक सहमति से तय हुई सगाई से कई महीने पहले ही अपने प्रेमी चेतन चौधरी के साथ कथित तौर पर गुपचुप तरीके से कानूनी शादी रचा ली थी। इस नए खुलासे के बाद पुलिस का शक और गहरा गया है कि यह पूरी घटना एक सोची-समझी और खूनी साजिश का हिस्सा थी।
चार महीने पहले ‘स्पेशल मैरिज एक्ट’ के तहत किया था विवाह
सूत्रों के मुताबिक, सिया गोयल और चेतन चौधरी ने करीब चार महीने पहले ही ‘स्पेशल मैरिज एक्ट’ (विशेष विवाह अधिनियम) के तहत अपनी कोर्ट मैरिज का कानूनी पंजीकरण करा लिया था। इसके विपरीत, सामाजिक और पारिवारिक दबाव के चलते इसी साल फरवरी के महीने में सिया की सगाई पुणे के ही एक संपन्न 25 वर्षीय रियल एस्टेट कारोबारी केतन अग्रवाल से करवा दी गई थी। दोनों परिवारों में शादी की रस्में आगामी नवंबर माह में होना तय पाया गया था। लेकिन बीते 18 जून को लोहागढ़ किले के भ्रमण के दौरान अचानक केतन अग्रवाल की गहरी खाई में गिरने से मौत हो गई। पुलिस को शुरू से ही संदेह था कि यह महज एक दुर्घटना नहीं, बल्कि सुनियोजित हत्या है।
इंस्टाग्राम से डिलीट की गई वरमाला की तस्वीरें और गवाह रडार पर
पुणे पुलिस की विशेष जांच टीम (SIT) अब इस दावे की गहराई से पड़ताल कर रही है कि क्या दोनों का विवाह प्रमाण पत्र (मैरिज सर्टिफिकेट) आधिकारिक रूप से अस्तित्व में है, क्योंकि यह दस्तावेज कोर्ट में आरोपियों के खिलाफ सबसे पुख्ता साक्ष्य साबित होगा। सूत्रों की मानें तो कोर्ट मैरिज के दौरान गवाह के रूप में अपनी रजामंदी के हस्ताक्षर करने वाले सिया के कॉलेज के दो खास दोस्तों को भी पुलिस ने समन भेजकर पूछताछ के लिए हिरासत में लिया है। इसके साथ ही, डिजिटल फॉरेंसिक टीम एक संदिग्ध इंस्टाग्राम अकाउंट से डिलीट की गई उन चुनिंदा तस्वीरों को रिकवर (पुनर्प्राप्त) करने में जुटी है, जिसमें सिया और चेतन एक-दूसरे को वरमाला पहनाते हुए साफ नजर आ रहे थे।
उदयपुर में डेस्टिनेशन वेडिंग के लिए मांगे गए दस्तावेजों से मची खलबली
जांचकर्ताओं के अनुसार, इस कथित मर्डर प्लानिंग में तेजी तब आई जब केतन अग्रवाल के परिवार ने राजस्थान के उदयपुर में होने वाली भव्य ‘डेस्टिनेशन वेडिंग’ (Destination Wedding) की बुकिंग और जरूरी कानूनी कागजात तैयार करने के लिए सिया से उसके असली दस्तावेज मांगे। सिया को डर था कि दस्तावेज देने पर उसकी पहले से हो चुकी शादी की पोल खुल जाएगी। इसके अलावा, पुलिस चेतन चौधरी के बैंक खातों के लेन-देन को खंगाल रही है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि स्पेशल मैरिज एक्ट के तहत अनिवार्य 30 दिनों के सार्वजनिक नोटिस की अवधि को बायपास करने या छिपाने के लिए कहीं किसी मध्यस्थ को मोटी रकम तो नहीं दी गई थी।
गूगल और यूट्यूब पर खोजे थे हत्या के तरीके, आरोपी न्यायिक हिरासत में
पूछताछ के दौरान मुख्य आरोपी सिया ने कथित तौर पर स्वीकार किया कि वह किसी भी कीमत पर केतन से विवाह नहीं करना चाहती थी, लेकिन खुद शादी तोड़ने पर उसके परिवार की समाज में भारी बदनामी होती। इसी बदनामी से बचने के लिए उसने चेतन चौधरी के साथ मिलकर केतन को रास्ते से हटाने का खौफनाक रास्ता चुना। पुलिस को आरोपियों के मोबाइल से मिली ऑनलाइन सर्च हिस्ट्री और डिलीट मैसेजेस से पता चला है कि सिया और चेतन ने वारदात से पहले गूगल और यूट्यूब पर ‘हत्या के अचूक तरीके’ सर्च किए थे और अंततः केतन को पहाड़ी से धक्का देकर मारने का प्लान फाइनल किया था। घटना वाले दिन चेतन चौधरी भी गुपचुप तरीके से लोहागढ़ किले तक दोनों का पीछा करते हुए पहुंचा था। फिलहाल, सिया गोयल और चेतन चौधरी दोनों ही सलाखों के पीछे न्यायिक हिरासत में अपनी सजा का इंतजार कर रहे हैं।



