संतकबीरनगर। उत्तर प्रदेश के संतकबीरनगर जिले में गोरखपुर-लखनऊ राष्ट्रीय राजमार्ग (एनएच-27) पर सोमवार सुबह एक दर्दनाक सड़क हादसे में एक ही परिवार के चार लोगों की मौत हो गई। खलीलाबाद कोतवाली क्षेत्र के कुर्थिया चौराहे के पास तेज रफ्तार ट्रक अनियंत्रित होकर सड़क से नीचे उतर गया और घर के बाहर चारपाई पर बैठे बुजुर्ग दंपति तथा उनके दो मासूम नातियों को कुचलते हुए गड्ढे में जा गिरा। हादसे के बाद पूरे इलाके में चीख-पुकार और अफरा-तफरी मच गई।
पुलिस के अनुसार सोमवार सुबह लालजी (62) पुत्र गनपत अपनी पत्नी ज्ञानमती (60) के साथ घर के बाहर चारपाई पर बैठे थे। उनके साथ उनके 12 वर्षीय नाती आदर्श, पुत्र अनिल कुमार, और छह वर्षीय सत्यम, पुत्र राजेश कुमार, भी मौजूद थे। इसी दौरान खलीलाबाद से बस्ती की ओर जा रहा एक ट्रक अचानक अनियंत्रित होकर सड़क से उतर गया और चारपाई पर बैठे चारों लोगों को अपनी चपेट में ले लिया।
हादसा इतना भीषण था कि चारों को संभलने तक का मौका नहीं मिला। ट्रक उन्हें रौंदते हुए सड़क किनारे गड्ढे में जा गिरा। दुर्घटना में लालजी, ज्ञानमती, आदर्श और सत्यम की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे की खबर फैलते ही आसपास के लोग मौके पर पहुंच गए और परिवार में कोहराम मच गया।
पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा, ट्रक जब्त
घटना की सूचना मिलते ही अपर पुलिस अधीक्षक सुशील कुमार सिंह, क्षेत्राधिकारी खलीलाबाद प्रियम राजशेखर पांडेय, प्रभारी निरीक्षक जयप्रकाश दुबे तथा कांटे चौकी प्रभारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने स्थानीय लोगों की मदद से ट्रक के नीचे फंसे शवों को बाहर निकलवाया और पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। दुर्घटनाग्रस्त ट्रक को भी कब्जे में लेकर आगे की जांच शुरू कर दी गई है।
अपर पुलिस अधीक्षक सुशील कुमार सिंह ने बताया कि प्रारंभिक जांच और प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार ट्रक चालक को संभवतः नींद की झपकी आने के कारण वाहन से नियंत्रण खोना पड़ा, जिससे यह हादसा हुआ। हालांकि दुर्घटना के वास्तविक कारणों की जांच की जा रही है और चालक के खिलाफ विधिक कार्रवाई की जा रही है।
इस हृदयविदारक हादसे से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है। स्थानीय लोगों ने राष्ट्रीय राजमार्ग पर भारी वाहनों की तेज रफ्तार पर अंकुश लगाने और सड़क सुरक्षा के प्रभावी इंतजाम करने की मांग की है।



