नई दिल्ली। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने बिहार के बांका जिले में कथित अवैध रेत खनन से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में बड़ी कार्रवाई की है। ईडी पटना की टीम ने प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (पीएमएलए) के तहत बिहार, दिल्ली-एनसीआर और राजस्थान में कुल आठ स्थानों पर तलाशी अभियान शुरू किया है।
यह मामला महादेव एन्क्लेव प्राइवेट लिमिटेड द्वारा किए गए कथित अवैध रेत खनन से जुड़ा है। ईडी की जांच में कंपनी पर बांका जिले में नियमों का उल्लंघन कर बड़े पैमाने पर रेत खनन करने का आरोप लगाया गया है।
कंपनी पर 131 करोड़ रुपये के अवैध खनन का आरोप
ईडी के अनुसार, महादेव एन्क्लेव प्राइवेट लिमिटेड का नियंत्रण राजस्थान के गंगानगर के चांडक परिवार के पास है। कंपनी का संचालन अशोक चांडक और उनके बेटे राघव चांडक द्वारा किया जाता है।
जांच एजेंसी का आरोप है कि कंपनी ने बांका जिले में बड़े स्तर पर अवैध तरीके से रेत निकाली। ईडी ने यह भी कहा है कि राज्य के खनन विभाग को इस गतिविधि की जानकारी समय पर नहीं दी गई और प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई।
आईआईटी पटना की रिपोर्ट में सामने आई जानकारी
ईडी ने मामले की जांच के दौरान 1 अक्टूबर 2024 को आईआईटी पटना से बांका जिले की नदियों में स्थित रेत घाटों का जियोस्पेशियल एनालिसिस कराने का अनुरोध किया था।
आईआईटी पटना की रिपोर्ट के विश्लेषण में सामने आया कि संबंधित कंपनी ने कथित तौर पर नियमों का उल्लंघन करते हुए बड़ी मात्रा में रेत का खनन किया। रिपोर्ट के अनुसार, वित्त वर्ष 2015-16 से 2022-23 के बीच अवैध रूप से निकाली गई रेत की अनुमानित कीमत 131 करोड़ रुपये से अधिक बताई गई है।
बिहार सरकार को दी गई जानकारी
ईडी ने पीएमएलए की धारा 66(2) के तहत इस जानकारी को बिहार राज्य खनन निगम लिमिटेड, पटना के प्रबंध निदेशक के साथ साझा किया। इसके बाद बिहार सरकार के खान एवं भू-विज्ञान विभाग की ओर से मामले में प्राथमिकी दर्ज की गई।
फिलहाल ईडी इस मामले में मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़े पहलुओं की जांच कर रही है।
आठ ठिकानों पर जारी है कार्रवाई
ईडी अधिकारियों के मुताबिक, तलाशी अभियान बिहार, दिल्ली-एनसीआर और राजस्थान में चलाया जा रहा है। बिहार के बांका और पटना, दिल्ली, राजस्थान के गंगानगर में चार स्थानों और जयपुर में एक जगह पर जांच की जा रही है।
कार्रवाई के दौरान ईडी की टीम मामले से जुड़े दस्तावेजों, वित्तीय रिकॉर्ड और अन्य महत्वपूर्ण साक्ष्यों की जांच कर रही है। एजेंसी का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।



