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2027 चुनाव से पहले ओपी राजभर का बड़ा दावा, बोले सपा कहीं नहीं, हमारी सीधी लड़ाई कांग्रेस से

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वाराणसी। उत्तर प्रदेश में 2027 में होने वाले विधानसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज होने लगी है। प्रदेश सरकार में मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने समाजवादी पार्टी और उसके अध्यक्ष अखिलेश यादव पर निशाना साधते हुए दावा किया कि आगामी चुनाव में सपा की स्थिति मजबूत नहीं है और उनकी सीधी लड़ाई कांग्रेस से होगी।

ओपी राजभर ने अखिलेश यादव की ओर से किए जा रहे विभिन्न चुनावी वादों पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि अखिलेश यादव न तो मुख्यमंत्री बन पाएंगे और न ही उनके द्वारा किए जा रहे सभी वादे पूरे हो सकेंगे। उन्होंने दावा किया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में सरकार पहले से ही कई योजनाओं पर काम कर रही है।

जेपीएनआईसी की जमीन को लेकर अखिलेश पर साधा निशाना

जय प्रकाश नारायण अंतरराष्ट्रीय केंद्र यानी जेपीएनआईसी को 30 वर्ष के लिए लीज पर दिए जाने को लेकर भी ओम प्रकाश राजभर ने सरकार का बचाव किया। उन्होंने कहा कि जमीन खाली पड़ी थी और उसे उद्योगपति को फैक्ट्री लगाने के लिए 30 वर्ष के लिए दिया गया है।

राजभर के मुताबिक, इससे लाखों युवाओं को रोजगार मिलने की संभावना है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जेपीएनआईसी अखिलेश यादव की संपत्ति नहीं, बल्कि सरकार की संपत्ति है।

महिलाओं के लिए सरकारी योजनाओं का किया जिक्र

अखिलेश यादव के वादों पर सवाल उठाते हुए राजभर ने महिलाओं के लिए सरकार की ओर से शुरू की गई योजनाओं और घोषणाओं का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि 60 वर्ष से अधिक उम्र की महिलाओं के लिए आजीवन बस यात्रा निशुल्क की गई है और महिलाओं के लिए लगातार काम किया जा रहा है।

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उन्होंने बेटियों की शिक्षा और महिलाओं को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने की दिशा में सरकार की योजनाओं का भी उल्लेख किया। राजभर ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ‘लखपति दीदी’ योजना का जिक्र करते हुए कहा कि महिलाओं को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने और उनके बैंक खातों में धनराशि भेजने का काम विभिन्न राज्यों में किया जा रहा है।

अखिलेश यादव पर तंज, बोले महिलाओं की नहीं पुरुषों के लिए आंदोलन करें

ओपी राजभर ने अखिलेश यादव पर कटाक्ष करते हुए कहा कि उन्हें महिलाओं के लिए नहीं बल्कि पुरुषों के लिए आंदोलन करना चाहिए। उन्होंने दावा किया कि महिलाओं के हित में सरकार लगातार योजनाएं लागू कर रही है।

राजभर ने कांग्रेस और समाजवादी पार्टी के बीच अंतर बताते हुए कहा कि कांग्रेस की बात दिल्ली से निकलती है तो पूरे देश में सुनी जाती है, जबकि सपा की आवाज उत्तर प्रदेश तक ही सीमित रहती है।

उन्होंने दावा किया कि चुनाव में समाजवादी पार्टी कहीं नहीं है और उनकी सीधी लड़ाई कांग्रेस से होगी।

नौ लाख से ज्यादा सरकारी नौकरियां देने का दावा

सरकारी नौकरियों को लेकर भी ओम प्रकाश राजभर ने सरकार की उपलब्धियां गिनाईं। उन्होंने दावा किया कि नौ लाख से ज्यादा सरकारी नौकरियां दी जा चुकी हैं।

राजभर ने कहा कि जो बच्चा मेहनत से पढ़ाई करेगा, उसे नौकरी मिलेगी। उन्होंने सरकार की भर्ती प्रक्रिया और युवाओं के लिए रोजगार के अवसरों को लेकर विपक्ष के आरोपों का भी जवाब दिया।

मछली भात विवाद पर भी बोले ओपी राजभर

मछली भात के विवाद को लेकर पूछे गए सवाल पर ओपी राजभर ने कहा कि उन्होंने अजय राय का बयान सुना है। उनके मुताबिक, अजय राय ने कहा था कि वह निषाद समाज की ओर से आयोजित मछली भात कार्यक्रम में गए थे।

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राजभर ने कहा कि जो व्यक्ति मांस मछली नहीं खाता और सावन के महीने में मछली भात के भोज में जाता है तो यह चर्चा का विषय बनना स्वाभाविक है। उनके इस बयान के बाद राजनीतिक गलियारों में मछली भात विवाद को लेकर चर्चा फिर तेज हो गई है।

नेपाल त्रासदी को बताया दैवीय आपदा

नेपाल में आई विनाशकारी बाढ़ और तबाही को लेकर भी ओपी राजभर ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने इसे दैवीय आपदा बताते हुए कहा कि ऐसी परिस्थितियों से निपटने के लिए सरकार की ओर से लगातार प्रयास किए जाते हैं।

उन्होंने कहा कि भारत पड़ोसी देश नेपाल की मदद करेगा और ऐसी मुश्किल घड़ी में पूरी ताकत के साथ नेपाल के साथ खड़ा रहेगा।

2027 के चुनाव को लेकर अभी से गरमाने लगी सियासत

उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 में अभी समय है, लेकिन राजनीतिक दलों के बीच आरोप प्रत्यारोप का दौर तेज हो चुका है। ओपी राजभर के ताजा बयान से साफ है कि सत्तारूढ़ गठबंधन विपक्षी दलों के चुनावी दावों का जवाब देने की तैयारी में जुटा है।

जेपीएनआईसी की लीज, सरकारी नौकरियों, महिलाओं की योजनाओं और विपक्षी दलों की चुनावी रणनीति जैसे मुद्दे आने वाले समय में उत्तर प्रदेश की सियासत के केंद्र में रह सकते हैं। वहीं नेपाल त्रासदी पर भारत की ओर से मदद के सवाल को लेकर भी सरकार और राजनीतिक दलों की प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।

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