लखनऊ। उत्तर प्रदेश सरकार के मत्स्य विभाग के मंत्री और निषाद पार्टी के अध्यक्ष डॉ. संजय निषाद ने समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव पर निशाना साधते हुए कहा कि वह बड़े नेता हैं, लेकिन “कचौड़ी-पकौड़ी” से बाहर नहीं निकल पा रहे हैं। उनका यह बयान ऐसे समय आया है जब अखिलेश यादव ने एक दिन पहले प्रेस कॉन्फ्रेंस में ‘एक कचौड़ी दो समोसा, भाजपा पर नहीं भरोसा’ जैसे नारे के जरिए भाजपा पर निशाना साधा था।
संजय निषाद ने अखिलेश यादव के बयानों पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि युवाओं और अपनी विचारधारा से जुड़े मुद्दों पर बात होनी चाहिए। उन्होंने ओबीसी आरक्षण को लेकर भी अपनी बात रखी और दावा किया कि 27 प्रतिशत ओबीसी हिस्से में कुछ वर्गों का अधिक प्रभाव है, जबकि अन्य वर्गों को अपेक्षित प्रतिनिधित्व नहीं मिल रहा है। उन्होंने कहा कि इन मुद्दों से ध्यान भटकाने के लिए अलग-अलग बयान दिए जाते हैं।
संजय निषाद ने प्रदेश में कानून-व्यवस्था और विकास को लेकर पिछली सरकारों की तुलना मौजूदा सरकार से करते हुए कहा कि 2017 से पहले की स्थिति और महिलाओं-बेटियों की सुरक्षा के माहौल को जनता मतदान के समय ध्यान में रखती है। उन्होंने दावा किया कि मौजूदा सरकार के काम को देखते हुए लोग उसमें सुधार की संभावना मानते हैं।
मायावती के बयान पर भी साधा निशाना
बसपा प्रमुख मायावती की ओर से अखिलेश यादव और समाजवादी पार्टी के राज्यसभा प्रत्याशियों को लेकर की गई टिप्पणी पर भी संजय निषाद ने प्रतिक्रिया दी। मायावती ने दो अक्टूबर को सपा के राज्यसभा प्रत्याशियों के चयन पर सवाल उठाते हुए परिवार और धनबल को लेकर आरोप लगाए थे। सपा ने राम गोपाल यादव और धनराज परिमल नाथवानी को राज्यसभा उम्मीदवार बनाया है।
संजय निषाद ने कहा कि सपा के ‘पीडीए’ को लेकर उनका अपना राजनीतिक तंज है और कहा कि राज्यसभा तथा विधान परिषद ऐसे लोगों को प्रतिनिधित्व देने का अवसर हैं, जिनके पास राजनीतिक शक्ति नहीं है। उन्होंने कहा कि इन पदों पर कार्यकर्ताओं और वंचित वर्गों के लोगों को अवसर दिया जाना चाहिए।
इंडिया गठबंधन के विरोध प्रदर्शन पर टिप्पणी
इंडिया गठबंधन के विरोध प्रदर्शन को लेकर संजय निषाद ने कहा कि कांग्रेस के साथ गठबंधन करने वाले दलों को नुकसान होता है। उन्होंने कहा कि राजनीतिक दल एक साथ दिखाई देते हैं, लेकिन उनके बीच मतभेद भी रहते हैं।
ओवैसी के यूसीसी बयान पर दी प्रतिक्रिया
एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी के समान नागरिक संहिता यानी यूसीसी को लेकर दिए गए बयान पर संजय निषाद ने कहा कि देश धर्म से नहीं, बल्कि संविधान से चलता है। उन्होंने कहा कि संवैधानिक व्यवस्था में सामान्य, पिछड़े और अनुसूचित वर्गों के लिए प्रावधान हैं तथा लोगों को अपने धर्म के प्रचार की स्वतंत्रता प्राप्त है।
पुलिसिंग को लेकर योगी सरकार का किया बचाव
पुलिसिंग को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की टिप्पणियों पर संजय निषाद ने कहा कि प्रदेश में पहले की तुलना में पुलिस प्रशिक्षण के लिए अधिक केंद्र हैं और भर्ती के साथ व्यवस्थाओं में सुधार किया गया है। उन्होंने दावा किया कि इसी वजह से प्रदेश में सुरक्षा और कानून-व्यवस्था की स्थिति पहले से बेहतर हुई है।
संजय निषाद के ये बयान ऐसे समय आए हैं जब उत्तर प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर विभिन्न राजनीतिक दलों के बीच आरोप-प्रत्यारोप तेज हैं।
