लखनऊ। बहुजन समाज पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष मायावती ने रविवार को अपने अस्वस्थ होने की खबरों को पूरी तरह निराधार बताया। उन्होंने कहा कि वह पूरी तरह स्वस्थ हैं और लगातार पार्टी के काम में जुटी हुई हैं। मायावती ने पार्टी कार्यकर्ताओं के बीच उनकी तबीयत खराब होने की खबर फैलाए जाने पर नाराजगी जताते हुए कहा कि उन्हें स्वयं सामने आकर स्थिति स्पष्ट करनी पड़ी।
बसपा प्रमुख ने इस दौरान पार्टी से निष्कासित आकाश आनंद पर भी तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि आकाश आनंद अभी भी अपने दिमाग से काम नहीं कर रहे हैं और अपने ससुर तथा पूर्व राज्यसभा सांसद अशोक सिद्धार्थ के इशारे पर चल रहे हैं।
बीमारी की अफवाहों पर मायावती ने खुद दी सफाई
मायावती ने कहा कि पिछले एक से दो दिनों से पार्टी से निकाले गए कुछ लोगों की ओर से कार्यकर्ताओं के बीच यह भ्रम फैलाया जा रहा था कि वह अस्वस्थ हैं। उन्होंने कहा कि कार्यकर्ताओं को सही जानकारी देने के लिए उन्हें खुद सामने आना पड़ा।
बसपा प्रमुख ने स्पष्ट किया कि वह पूरी तरह स्वस्थ हैं और पार्टी के कामकाज में सक्रिय रूप से लगी हुई हैं। उन्होंने कार्यकर्ताओं से अफवाहों पर ध्यान नहीं देने और संगठन के काम पर पूरी तरह केंद्रित रहने की अपील की।
आकाश आनंद की फोन कॉल का मायावती ने किया जिक्र
मायावती ने शनिवार रात हुई कथित फोन कॉल का भी जिक्र किया। उन्होंने बताया कि उनके आवास पर पार्टी इंचार्ज आलोक कुमार के फोन पर आकाश आनंद का फोन आया था। आकाश आनंद ने कथित तौर पर पूछा था कि क्या बहन जी अस्वस्थ हैं।
मायावती के अनुसार आलोक कुमार ने उन्हें बताया कि वह पूरी तरह स्वस्थ हैं और अपना काम कर रही हैं। इसके बाद आकाश आनंद ने कथित तौर पर कहा कि उनकी इस फोन कॉल के बारे में मायावती को नहीं बताया जाए।
बोलीं मायावती ऐसी बात क्यों कही गई, यह सोचने का विषय
मायावती ने कहा कि फोन करने की मंशा अच्छी भी हो सकती है और गलत भी, लेकिन यह सोचने का विषय है कि आखिर ऐसी बात क्यों कही गई कि इस कॉल के बारे में उन्हें जानकारी न दी जाए।
उन्होंने आकाश आनंद पर निशाना साधते हुए कहा कि वह अभी भी अपने दिमाग से काम नहीं कर रहे हैं। मायावती ने आरोप लगाया कि आकाश आनंद अपने ससुर अशोक सिद्धार्थ के दिमाग से काम कर रहे हैं।
आगामी चुनाव को लेकर कार्यकर्ताओं को दिया बड़ा संदेश
बसपा प्रमुख ने पार्टी कार्यकर्ताओं से आगामी चुनाव की तैयारियों में पूरी ताकत के साथ जुट जाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि पार्टी और मूवमेंट के हित में हाल के दिनों में उनके द्वारा लिए गए कड़े फैसलों से बसपा को फायदा ही हुआ है और कोई नुकसान नहीं हुआ।
उन्होंने कार्यकर्ताओं से कहा कि वे पार्टी मूवमेंट में हमेशा पूरी तरह सक्रिय रहें और आने वाले चुनाव की तैयारियों में युद्ध स्तर पर जुट जाएं। मायावती ने संगठन को मजबूत करने और पार्टी के मिशन को आगे बढ़ाने पर विशेष जोर दिया।
तीन सेक्टर में बांटा गया संगठन, तीन सितंबर की बैठक में हुआ फैसला
मायावती ने बताया कि तीन सितंबर को पार्टी की एक महत्वपूर्ण बैठक बुलाई गई थी। बैठक काफी लंबी चली और इसमें संगठन के काम को तेजी से आगे बढ़ाने को लेकर कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए।
उन्होंने बताया कि पार्टी को तीन सेक्टर में बांटने का फैसला किया गया है। पहले सेक्टर में उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड को रखा गया है, जिसकी जिम्मेदारी उनके दिशानिर्देश में देखी जा रही है। अन्य क्षेत्रों को भी अलग-अलग सेक्टर में विभाजित किया गया है।
संबंधित सेक्टरों के केंद्रीय सेक्टर प्रभारी दिल्ली जाकर संगठन से जुड़ी अपनी रिपोर्ट देते रहेंगे। मायावती ने बताया कि आनंद कुमार पार्टी के कामकाज की प्रगति रिपोर्ट लेते रहेंगे।
मुख्य सेक्टर प्रभारी का पद समाप्त, सीधे मायावती को मिलेगी रिपोर्ट
बसपा प्रमुख ने संगठनात्मक बदलाव को लेकर भी स्थिति स्पष्ट की। उन्होंने कहा कि मुख्य सेक्टर प्रभारी का पद समाप्त कर दिया गया है। अब उनके काम की सीधी रिपोर्ट पार्टी के उपाध्यक्ष आनंद कुमार उन्हें देंगे।
मायावती के मुताबिक संगठन में किए गए इन बदलावों का उद्देश्य पार्टी के कामकाज को और प्रभावी बनाना तथा मिशन को तेजी से आगे बढ़ाना है। उन्होंने कहा कि पार्टी हित में लिए गए इन फैसलों से संगठन को मजबूत करने में मदद मिलेगी।
आकाश आनंद को पार्टी से किया जा चुका है निष्कासित
गौरतलब है कि मायावती ने हाल ही में आकाश आनंद को बसपा के राष्ट्रीय संयोजक पद से हटाने के बाद पार्टी से निष्कासित कर दिया था। इसके बाद आकाश आनंद की राजनीतिक भूमिका को लेकर पार्टी के भीतर और बाहर चर्चा तेज हो गई थी।
वहीं आकाश आनंद के ससुर और पूर्व राज्यसभा सांसद अशोक सिद्धार्थ ने भी राजनीति से संन्यास लेने की घोषणा की थी। अब मायावती के ताजा बयान के बाद एक बार फिर बसपा के भीतर संगठनात्मक फैसलों और आकाश आनंद को लेकर राजनीतिक चर्चा तेज हो गई है।
ब्रिक्स दिल्ली घोषणापत्र का मायावती ने किया स्वागत
मायावती ने दिल्ली में आयोजित ब्रिक्स सम्मेलन के दौरान जारी 140 पैराग्राफ वाले दिल्ली घोषणापत्र का भी स्वागत किया। उन्होंने इसे भारत के लिए बड़ी कूटनीतिक उपलब्धि बताया।
उन्होंने कहा कि घोषणापत्र में फिलिस्तीन के लिए दो देश समाधान और 1967 की सीमाओं के आधार पर स्वतंत्र फिलिस्तीनी राष्ट्र के समर्थन को जगह दी गई है। मायावती ने इसे महत्वपूर्ण पहल बताया।
आतंकवाद के खिलाफ प्रतिबद्धता का भी किया स्वागत
बसपा प्रमुख ने पहलगाम आतंकी हमले का जिक्र करते हुए आतंकवाद से हर संभव तरीके से निपटने की प्रतिबद्धता का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि घोषणापत्र में आतंकवाद के खिलाफ भारत के दृष्टिकोण को उचित स्थान मिला है।
मायावती ने कहा कि आतंकवाद जैसी चुनौती से निपटने के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मजबूत सहयोग और स्पष्ट नीति की जरूरत है।
भारत चीन संबंधों पर भी मायावती ने रखी राय
भारत और चीन के संबंधों को लेकर मायावती ने कहा कि दोनों देशों के बीच मतभेदों को विवाद में बदलने से रोकना और एक दूसरे को विकास में भागीदार मानना सकारात्मक दृष्टिकोण है। हालांकि उन्होंने कहा कि इस नीति के परिणामों का उचित मूल्यांकन आने वाले समय में ही किया जा सकेगा।
उन्होंने भारत और चीन के बीच सीमा विवाद को भी आपसी बातचीत के जरिए जल्द से जल्द सुलझाने की जरूरत बताई। मायावती ने कहा कि सीमा विवाद का समाधान दोनों देशों के संबंधों को आगे बढ़ाने में मददगार साबित हो सकता है।
बसपा को मजबूत करने और चुनावी तैयारी पर जोर
मायावती के पूरे बयान में संगठन को मजबूत करने, कार्यकर्ताओं को सक्रिय करने और आगामी चुनावों की तैयारी पर विशेष जोर रहा। उन्होंने बीमारी से जुड़ी अफवाहों को खारिज करते हुए खुद को स्वस्थ बताया और कार्यकर्ताओं से पार्टी के मिशन पर ध्यान केंद्रित करने को कहा।
साथ ही आकाश आनंद को लेकर दिए गए बयान से बसपा के भीतर चल रहे संगठनात्मक घटनाक्रम को लेकर राजनीतिक चर्चा और तेज होने के संकेत हैं।

