सख्त सुरक्षा के चलते काले कपड़े और बैग पर पाबंदी, बच्चों ने दीवार पर टांगे बैग, भारी संख्या में निराश लौटे
मुज़फ़्फ़रनगर। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की जनसभा और रोजगार मेले के दौरान नुमाइश ग्राउंड में सुरक्षा का सख्त पहरा देखने को मिला। इस बार खास बात यह रही कि कार्यक्रम में “काले कपड़ों” को लेकर भी सख्ती दिखाई गई और ऐसे लोगों को एंट्री नहीं दी गई।
सुरक्षा कर्मियों ने साफ तौर पर काली पेंट, शर्ट, टी-शर्ट या किसी भी तरह के काले परिधान और यहां तक कि काले बैग लेकर आने वालों को भी गेट पर ही रोक दिया। कई लोग घंटों लाइन में लगकर अपनी बारी का इंतजार करते रहे, लेकिन जब उनकी बारी आई तो काले कपड़ों की वजह से उन्हें वापस लौटना पड़ा।

कार्यक्रम में शामिल होने आए कुछ बच्चों ने अपने बैग पास में स्थित कंपनी बाग की दीवार पर टांग दिए, ताकि उन्हें अंदर जाने की अनुमति मिल सके। वहीं कुछ लोग निराश होकर वापस लौटते नजर आए।
एक दिलचस्प वाकया तब देखने को मिला जब एक युवक ने अंदर जाने के लिए अपनी काली शर्ट उतारकर फेंक दी, लेकिन अंदर पहनी काली बनियान की वजह से उसे फिर भी एंट्री नहीं मिल सकी।

दरअसल, मुख्यमंत्री के दौरे को लेकर प्रशासन ने पहले ही तीन लेयर की सुरक्षा व्यवस्था लागू कर दी थी। बम निरोधक दस्ता, डॉग स्क्वाड, खुफिया एजेंसियां और भारी पुलिस बल तैनात था। ऐसे में किसी भी संदिग्ध गतिविधि को रोकने के लिए यह सख्ती बरती गई।
कार्यक्रम के तहत मुख्यमंत्री ने वृहद रोजगार मेले का शुभारंभ करना था, जिसमें हजारों युवाओं के शामिल होने का अनुमान था और बड़ी संख्या में नियुक्तियों का लक्ष्य रखा गया था। इसके बाद उन्होंने एक विशाल जनसभा को संबोधित भी करना था, जिसमें जयंत चौधरी सहित कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे।
सख्त सुरक्षा व्यवस्था के बीच “काले कपड़ों” पर लगी इस रोक ने कार्यक्रम में आने वाले लोगों के बीच चर्चा का विषय जरूर बना दिया। ये सब योगी के कार्यक्रम में आने से पहले और आने के बाद तक चलता रहा। जिसको लेकर युवाओं में काफी नाराजगी देखने को मिली।



