पालघर। महाराष्ट्र के पालघर जिले में सोमवार रात एक घंटे के भीतर भूकंप के दो झटके महसूस किए गए। दोनों भूकंप की तीव्रता रिक्टर पैमाने पर 3.4 दर्ज की गई। लगातार कम अंतराल में दो बार धरती हिलने से पालघर और आसपास के इलाकों में लोगों के बीच दहशत फैल गई। भूकंप के झटके महसूस होते ही कई लोग एहतियातन अपने घरों से बाहर निकल आए। हालांकि राहत की बात यह है कि दोनों भूकंपों से अभी तक किसी तरह के जान-माल के नुकसान की सूचना नहीं है।
जिला अधिकारी कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार दोनों भूकंप की गहराई जमीन से करीब पांच किलोमीटर नीचे दर्ज की गई। कम गहराई पर आए झटकों के कारण आसपास के इलाकों में कंपन अपेक्षाकृत ज्यादा महसूस किया गया।
रात में करीब एक घंटे के अंतराल पर आए दो झटके
भूकंप विज्ञान केंद्र के अनुसार पहला झटका सोमवार 10 अगस्त की रात 10 बजकर 4 मिनट 11 सेकंड पर आया। इसकी तीव्रता 3.4 दर्ज की गई। भूकंप का केंद्र 19.883 डिग्री उत्तरी अक्षांश और 73.164 डिग्री पूर्वी देशांतर पर दर्ज किया गया।
पहले झटके के करीब एक घंटे बाद रात 11 बजकर 0 मिनट 52 सेकंड पर दूसरा भूकंप आया। दूसरे झटके की तीव्रता भी 3.4 रही। इसका केंद्र 19.912 डिग्री उत्तरी अक्षांश और 73.167 डिग्री पूर्वी देशांतर पर दर्ज किया गया। इसकी गहराई भी जमीन से पांच किलोमीटर नीचे रही।
धरती कांपी तो घरों से बाहर निकले लोग
एक ही रात में कम अंतराल पर दो बार भूकंप के झटके महसूस होने से स्थानीय लोगों में चिंता बढ़ गई। कई इलाकों में लोगों ने घरों के भीतर कंपन महसूस किया। इसके बाद लोग एहतियात के तौर पर अपने घरों से बाहर निकल आए।
रात के समय आए लगातार झटकों के कारण कुछ समय के लिए इलाके में अफरातफरी जैसी स्थिति बन गई। लोग एक-दूसरे से भूकंप की जानकारी लेते नजर आए। हालांकि भूकंप की तीव्रता कम होने के कारण बड़े स्तर पर नुकसान की कोई सूचना सामने नहीं आई।
पांच किलोमीटर की गहराई ने बढ़ाई कंपन की अनुभूति
दोनों भूकंप जमीन से महज पांच किलोमीटर की गहराई में दर्ज किए गए। भूकंप की गहराई और केंद्र से दूरी इस बात को प्रभावित करती है कि किसी इलाके में झटके कितनी तीव्रता से महसूस किए जाएंगे।
पालघर में लगातार दो झटकों के बाद स्थानीय प्रशासन और संबंधित एजेंसियां स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। लोगों से अपील की गई है कि वे घबराएं नहीं और किसी भी आपात स्थिति में प्रशासन के निर्देशों का पालन करें।
नासिक में भी कुछ दिन पहले आया था 4.3 तीव्रता का भूकंप
महाराष्ट्र में हाल के दिनों में भूकंपीय गतिविधि की यह पहली घटना नहीं है। इससे पहले नासिक जिले में भी शनिवार रात भूकंप के झटके महसूस किए गए थे। राष्ट्रीय भूकंप विज्ञान केंद्र के अनुसार उस भूकंप की तीव्रता 4.3 दर्ज की गई थी।
एनसीएस की ओर से जारी जानकारी के मुताबिक नासिक में भूकंप 8 अगस्त की रात करीब 10 बजकर 59 सेकंड पर आया था। इसका केंद्र 20.424 डिग्री उत्तरी अक्षांश और 73.682 डिग्री पूर्वी देशांतर पर स्थित था। इसकी गहराई भी जमीन से करीब पांच किलोमीटर नीचे दर्ज की गई थी।
नासिक के आसपास भी महसूस हुए थे झटके
नासिक जिले में भूकंप का केंद्र होने के कारण आसपास के कई इलाकों में भी झटके महसूस किए गए थे। हालांकि वहां भी किसी बड़े नुकसान की सूचना सामने नहीं आई थी।
महाराष्ट्र के अलग-अलग हिस्सों में लगातार भूकंप के झटके महसूस होने के कारण स्थानीय स्तर पर लोगों की चिंता बढ़ना स्वाभाविक है। हालांकि विशेषज्ञों के मुताबिक कम तीव्रता के भूकंप समय-समय पर आते रहते हैं और हर भूकंप बड़े खतरे का संकेत नहीं होता।
विशेषज्ञों की सलाह, घबराएं नहीं सतर्क रहें
भू-वैज्ञानिकों का कहना है कि कम तीव्रता वाले भूकंप आते रहना असामान्य नहीं है। हालांकि जब कम अंतराल में लगातार झटके महसूस होते हैं तो लोगों में स्वाभाविक रूप से डर और चिंता बढ़ जाती है।
प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और घबराने के बजाय सतर्क रहें। भूकंप के दौरान सुरक्षित स्थान पर रहने, इमारतों से दूरी बनाने और आपात स्थिति में स्थानीय प्रशासन के निर्देशों का पालन करने की सलाह दी गई है।
फिलहाल पालघर में आए दोनों भूकंपों के बाद स्थिति सामान्य बताई जा रही है। प्रशासन और संबंधित एजेंसियां स्थिति पर नजर रखे हुए हैं।



