नई दिल्ली। कांग्रेस सांसद इमरान मसूद और मोहम्मद जावेद ने भाजपा पर तीखा हमला बोलते हुए महिला नेतृत्व, राहुल गांधी के बयानों, आरक्षण, एक देश एक चुनाव और वंदे मातरम जैसे मुद्दों पर अपनी प्रतिक्रिया दी। दोनों सांसदों ने भाजपा के आरोपों पर पलटवार करते हुए कांग्रेस में महिलाओं की भूमिका और नेतृत्व का हवाला दिया।
राहुल गांधी के महिलाओं के नेतृत्व को बढ़ावा देने संबंधी बयान पर भाजपा की ओर से उठाए गए सवालों के जवाब में कांग्रेस सांसद इमरान मसूद ने कहा कि भाजपा को पहले अपनी पार्टी के भीतर महिला नेतृत्व को देखना चाहिए। उन्होंने कहा कि कांग्रेस में महिलाएं शीर्ष स्तर से नेतृत्व करती हैं और भाजपा को इस विषय पर कांग्रेस को उपदेश देने की जरूरत नहीं है।
इमरान मसूद बोले- पहले अपनी पार्टी को देखिए
इमरान मसूद ने कहा कि भाजपा की ओर से कांग्रेस पर सवाल उठाने से पहले उसे अपनी पार्टी में महिलाओं की स्थिति पर विचार करना चाहिए। उन्होंने कहा कि कांग्रेस में महिलाओं ने शीर्ष स्तर पर नेतृत्व किया है और पार्टी की निर्णय प्रक्रिया में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही है।
उन्होंने कहा कि भाजपा को यह बताना चाहिए कि उसकी पार्टी में कितनी महिलाओं को शीर्ष नेतृत्व के बराबर स्थान दिया गया है। मसूद ने राहुल गांधी की महिलाओं के नेतृत्व को बढ़ावा देने वाली टिप्पणी का बचाव करते हुए भाजपा के आरोपों को खारिज किया।
राहुल गांधी के बयानों का किया बचाव
‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम में राहुल गांधी के संबोधन को लेकर इमरान मसूद ने कहा कि राहुल गांधी हमेशा ठोस तथ्यों के आधार पर अपनी बात रखते हैं। उन्होंने दावा किया कि राहुल गांधी का कोई भी बयान खोखला या हवा हवाई नहीं होता।
मसूद ने कहा कि राहुल गांधी के अब तक के बयानों में से कोई ऐसा बयान बताया जाना चाहिए, जो बाद में गलत साबित हुआ हो। उन्होंने राहुल गांधी की राजनीतिक शैली का बचाव करते हुए कहा कि वह मुद्दों को तथ्यों के आधार पर उठाते हैं।
आरक्षण के मुद्दे पर भी भाजपा को घेरा
आरक्षण को लेकर केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए इमरान मसूद ने कहा कि आरक्षण का समर्थन करना सही बात है, लेकिन जिस सरकार का कोई नेता हिस्सा है, उसी सरकार पर आरक्षण खत्म करने की कोशिशों के आरोप लगते रहे हैं।
उन्होंने इसे विरोधाभासी स्थिति बताते हुए कहा कि सरकार में शामिल नेताओं के बयानों और सरकार की नीतियों में अंतर दिखाई देता है। कांग्रेस सांसद ने आरक्षण के मुद्दे को सामाजिक न्याय से जोड़ते हुए सरकार की नीयत पर सवाल उठाया।
‘एक देश, एक चुनाव’ को बताया जटिल मुद्दा
‘एक देश, एक चुनाव’ के प्रस्ताव पर इमरान मसूद ने कहा कि यह कोई आसान विषय नहीं है। इसमें कई तरह की पेचीदगियां शामिल हैं और इसे लागू करने से पहले तमाम संवैधानिक और व्यावहारिक पहलुओं पर विचार करना होगा।
उन्होंने संकेत दिया कि केवल चुनावों को एक साथ कराने की बात करना पर्याप्त नहीं है, बल्कि इसके लिए व्यापक स्तर पर चर्चा और व्यवस्था में बदलाव की जरूरत होगी।
राहुल गांधी को मिल रहे समर्थन से भाजपा बौखलाई
कांग्रेस सांसद मोहम्मद जावेद ने पुणे में राहुल गांधी के कार्यक्रम को लेकर उठाए जा रहे सवालों पर भाजपा पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी को लोगों से जिस तरह का समर्थन और मोहब्बत मिल रही है, उससे भाजपा बौखलाई हुई है।
मोहम्मद जावेद ने आरोप लगाया कि लोगों का ध्यान असल मुद्दों से हटाने के लिए भाजपा की ओर से अलग अलग तरह की बातें की जा रही हैं। उन्होंने कहा कि इन आरोपों का कोई ठोस आधार नहीं है।
वंदे मातरम पर भी कांग्रेस सांसद का पलटवार
वंदे मातरम को लेकर मोहम्मद जावेद ने भाजपा और आरएसएस पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने वंदे मातरम को सम्मान के साथ सबसे पहले गाया था और इस मामले में भाजपा तथा आरएसएस की भूमिका पर सवाल उठाया।
उन्होंने आरएसएस पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि जिस संगठन ने लंबे समय तक अपने कार्यालय में तिरंगा नहीं फहराया और संविधान को लेकर भी विवादित रुख अपनाया, उसके नेताओं की ओर से देशभक्ति और राष्ट्रीय गीत की बात करना उन्हें अजीब लगता है।
राजनीतिक मुद्दों पर बढ़ी बयानबाजी
कांग्रेस सांसदों की यह प्रतिक्रिया ऐसे समय सामने आई है जब देश में आरक्षण, महिला नेतृत्व, एक देश एक चुनाव और राष्ट्रीय प्रतीकों से जुड़े मुद्दों को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज है। कांग्रेस नेताओं ने इन मुद्दों पर भाजपा की नीतियों और उसके बयानों को निशाने पर लेते हुए अपनी पार्टी का पक्ष रखा।
इमरान मसूद और मोहम्मद जावेद ने राहुल गांधी के नेतृत्व का बचाव करने के साथ ही भाजपा पर राजनीतिक मुद्दों से जनता का ध्यान भटकाने का आरोप लगाया। वहीं, महिला नेतृत्व और आरक्षण जैसे विषयों पर कांग्रेस की भूमिका को मजबूत बताते हुए भाजपा के दावों को चुनौती दी।



