मुज़फ़्फ़रनगर। शिकायत मिलने के बाद स्वास्थ्य विभाग की टीम ने रुड़की रोड स्थित न्यू लाइफ हॉस्पिटल पर छापेमारी की। कार्रवाई के दौरान अस्पताल में चार बच्चे भर्ती मिले, लेकिन मौके पर बच्चों का इलाज करने वाला डॉक्टर मौजूद नहीं मिला। इसके बाद स्वास्थ्य विभाग ने भर्ती बच्चों को दूसरे अस्पताल में शिफ्ट कराया और न्यू लाइफ हॉस्पिटल का लाइसेंस सस्पेंड कर दिया।

दरअसल, स्वास्थ्य विभाग को न्यू लाइफ हॉस्पिटल के बारे में लगातार शिकायतें मिल रही थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग की टीम ने बुधवार सुबह करीब 9 बजे इस हॉस्पिटल पर अचनक छापा मार दिया। स्वास्थ्य विभाग की इस टीम में एसीएमओ डॉ. अजय, डॉ. अशोक और डॉ. विपिन शामिल रहे। टीम ने शिकायत के आधार पर अस्पताल पहुंचकर व्यवस्थाओं और वहां भर्ती मरीजों की स्थिति की जांच की।
हैरत इस बात की है कि जांच के दौरान चार बीमार बच्चे अस्पताल में भर्ती मिले। टीम के अनुसार मौके पर बच्चों का डॉक्टर मौजूद नहीं था। इसे गंभीरता से लेते हुए स्वास्थ्य विभाग ने बच्चों के उपचार और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए उन्हें दूसरे अस्पताल में शिफ्ट कराने की कार्रवाई की।
इसके बाद स्वास्थ्य विभाग ने न्यू लाइफ हॉस्पिटल के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए उसका लाइसेंस सस्पेंड कर दिया।
स्वास्थ्य विभाग की कार्रवाई के बाद निजी अस्पतालों में मरीजों के उपचार के दौरान आवश्यक चिकित्सकों की उपलब्धता और स्वास्थ्य विभाग के मानकों के पालन को लेकर सवाल उठने लगे हैं। मामले में आगे की विभागीय कार्रवाई की जा रही है।



