मुज़फ़्फ़रनगर। जनगणना 2027 की तैयारियों को लेकर जिला प्रशासन ने कवायद तेज कर दी है। जनगणना के द्वितीय चरण में जनसंख्या की गणना के लिए 16 नवंबर से 30 नवंबर 2026 तक स्व-गणना (सेल्फ एन्यूमरेशन) होगी। इसके बाद 1 दिसंबर 2026 से 4 जनवरी 2027 तक घर-घर जाकर गणना की जाएगी। 5 से 9 जनवरी तक रिविजनल राउंड चलेगा।
गुरुवार को विकास भवन सभागार में जिलाधिकारी उमेश मिश्रा की अध्यक्षता में बैठक हुई। इसमें मुख्य विकास अधिकारी अमित कुमार और अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व व जिला जनगणना अधिकारी गंभीर सिंह समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। डीएम ने कहा कि जनगणना राष्ट्रीय महत्व का कार्य है। इसे गंभीरता और पारदर्शिता के साथ पूरा किया जाए। किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी।
जिले में जनगणना के लिए कुल 6,190 इन्यूमरेशन ब्लॉक बनाए गए हैं। इनके लिए 5,537 प्रगणक और पर्यवेक्षक तैनात किए गए हैं। कार्मिकों को तीन चरणों में तीन दिवसीय प्रशिक्षण दिया जा रहा है। पहला चरण 26 से 28 अक्टूबर तक पूरा हो चुका है, दूसरा चरण 4 से 6 नवंबर तक चल रहा है, जबकि तीसरा चरण 12 से 14 नवंबर तक आयोजित होगा।
स्व-गणना को बढ़ावा देने के लिए अलग-अलग विभागों और वर्गों के लिए विशेष दिवस भी निर्धारित किए गए हैं। 16 नवंबर को राजस्व, प्रशासन एवं जनप्रतिनिधि दिवस, 17 नवंबर को स्थानीय प्रशासन, ग्रामीण विकास एवं कृषि दिवस और 18 नवंबर को युवा, खेल एवं मीडिया दिवस मनाया जाएगा। इसके अलावा 20 नवंबर को न्यायिक दिवस, 21 नवंबर को वर्दीधारी एवं सुरक्षा बल दिवस और 23 नवंबर को शिक्षा दिवस निर्धारित किया गया है।
डीएम ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे पहले स्वयं स्व-गणना करें और अपने विभागों के कर्मचारियों से भी अनिवार्य रूप से यह प्रक्रिया पूरी कराएं। साथ ही बिना अनुमति मुख्यालय नहीं छोड़ने को कहा गया है।
एडीएम गंभीर सिंह ने तहसील, ब्लॉक और विभागीय स्तर पर पोस्टर, बैनर और सोशल मीडिया के माध्यम से स्व-गणना का व्यापक प्रचार करने के निर्देश दिए। बैठक में पीपीटी के जरिए स्व-गणना की प्रक्रिया भी समझाई गई।

